-चेतन का करीबी रितेश हांगे भी साजिश में शामिल होने का आरोप
-सिया को भी जानता था, हत्या से पहले और बाद तक संपर्क में रहने का दावा
सामना संवाददाता / पुणे
रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड में अब तीसरे कथित साजिशकर्ता की भूमिका सामने आई है। पुणे ग्रामीण पुलिस का दावा है कि ४ सितंबर को गिरफ्तार रितेश हांगे केवल मुख्य आरोपी चेतन चौधरी का दोस्त नहीं था, बल्कि हत्या की योजना से भी वाकिफ था और कथित तौर पर उसकी साजिश में सक्रिय रूप से शामिल था। पुलिस के अनुसार, रितेश और चेतन कॉलेज में साथ पढ़ते थे और दोनों के बीच काफी पुरानी दोस्ती थी। रितेश सिया गोयल को भी जानता था। जांच अधिकारियों का कहना है कि चेतन ने केतन की हत्या की योजना पर रितेश से चर्चा की थी और हत्या के बाद की गतिविधियों की जानकारी भी उसे देता रहा।
इस मामले में सबसे अहम सुराग तकनीकी जांच से मिला। पुलिस ने चेतन के फोन से डिलीट किए गए व्हॉट्सऐप चैट और अन्य डेटा रिकवर किए। इन्हीं चैट्स से रितेश की कथित भूमिका सामने आई। पुलिस का दावा है कि डेटा में ऐसे तथ्य मिले हैं जो बताते हैं कि वह केवल योजना जानता ही नहीं था, बल्कि साजिश की चर्चा में भी शामिल था।
हालांकि एक बड़ा सवाल अभी बाकी है कि क्या १८ जून को लोहगड किले पर केतन को कथित तौर पर खाई में धकेले जाने के समय रितेश भी वहां मौजूद था? पुलिस इसकी जांच कर रही है। इस मामले में सिया गोयल और उसके कथित प्रेमी चेतन चौधरी पहले से गिरफ्तार हैं। पुलिस का आरोप है कि सिया केतन से शादी नहीं करना चाहती थी और इसी कारण चेतन के साथ मिलकर उसे रास्ते से हटाने की साजिश रची गई। अब तीसरी गिरफ्तारी से जांच का दायरा बढ़ गया है। पुलिस यह भी खंगाल रही है कि रितेश की भूमिका केवल सलाह और जानकारी तक थी या हत्या की तैयारी में उसका कोई और सक्रिय योगदान भी था।
तीसरा साजिशकर्ता गिरफ्तार!
पुणे ग्रामीण पुलिस के अनुसार, रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड में गिरफ्तार रितेश हांगे को हत्या की कथित साजिश की जानकारी थी और वह योजना में सक्रिय रूप से शामिल था। डिलीट व्हाट्सऐप चैट से उसकी भूमिका सामने आई। पुलिस अब जांच रही है कि क्या वह हत्या के समय लोहागढ़ किले पर मौजूद था।
