-पाकिस्तान सेना ने अमेरिकी कंपनी पावरस को दिया शुरुआती ऑर्डर
-आसिम मुनीर से प्रतिनिधिमंडल की मुलाकात
-ट्रंप के बेटों से जुड़ा निवेश-संबंध भी चर्चा में
एजेंसी / इस्लामाबाद / वॉशिंगटन
पाकिस्तान अपनी ड्रोन ताकत बढ़ाने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। अमेरिकी ड्रोन कंपनी पावरस ने पाकिस्तानी सेना के साथ समझौता ज्ञापन किया है और उसे शुरुआती ऑर्डर भी मिल चुका है। कंपनी के सह-संस्थापक ब्रेट वेलिकोविच ने रॉयटर्स को इसकी जानकारी दी है।
वेलिकोविच के मुताबिक, सौदा मानवरहित हवाई प्रणाली की श्रेणी में आता है। हालांकि, सुरक्षा और गोपनीयता का हवाला देते हुए उन्होंने ड्रोन की संख्या, मॉडल, कीमत और तकनीकी क्षमता बताने से इनकार कर दिया। इसी बीच पावरस के प्रतिनिधिमंडल ने पाकिस्तान के फील्ड मार्शल आसिम मुनीर से मुलाकात की। पाकिस्तानी सेना के अनुसार बैठक में रक्षा खरीद, उत्पादन और लंबी अवधि की सैन्य क्षमता बढ़ाने पर चर्चा हुई। इस डील की एक और परत अमेरिकी राजनीति से जुड़ी है। पावरस का विलय ऑरियस ग्रीनवे होल्डिंग्स नाम की कंपनी में होने वाला है। अमेरिकी नियामकीय दस्तावेजों के मुताबिक, डोनाल्ड ट्रंप जूनियर और एरिक ट्रंप से जुड़े निवेश कोष की विलय के बाद बनी कंपनी में करीब ९.९ प्रतिशत हिस्सेदारी हो सकती है।
ड्रोन के दम पर पाकिस्तान की नई चाल
भारत के लिए असली सवाल अब यह है कि पाकिस्तान इन ड्रोन का इस्तेमाल कहां और किस भूमिका में करेगा। सीमा निगरानी, सैन्य टोह, लक्ष्य पहचान या हथियारबंद अभियान, अभी तस्वीर साफ नहीं है, लेकिन पाकिस्तान की बढ़ती ड्रोन क्षमता निश्चित तौर पर दक्षिण एशिया के सुरक्षा समीकरण को और गर्म कर सकती है।
इजरायल को एक-एक टन के ४० हजार बम देगा अमेरिका!
अमेरिकी राष्ट्रपति प्रशासन इजरायल को बेहद शक्तिशाली बम देने की तैयारी में है। प्रस्तावित सैन्य समझौते के तहत इजरायल को दो हजार पाउंड वजन वाले ४० हजार शक्तिशाली बम देने की योजना है। ये वही हथियार हैं, जिनकी आपूर्ति पूर्व राष्ट्रपति जो बाइडन के प्रशासन ने गाजा में भारी तबाही और बड़े पैमाने पर जनहानि की आशंका के कारण रोक दी थी।
