-वायरल वीडियो ने उड़ाई प्रशासन की नींद
-अंबादास दानवे का दावा, भाजपा मंत्री के करीबी की है लिप्तता
सामना संवाददाता / मुंबई
सत्ता के संरक्षण में गुंडागर्दी का भयावह चेहरा एक बार फिर छत्रपति संभाजीनगर में सामने आया है। यहां क्रूरता की पराकाष्ठा को दर्शाने वाला एक वायरल वीडियो सामने आने के बाद कानून-व्यवस्था की नींद उड़ गई है। शिवसेना नेता अंबादास दानवे ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर यह वीडियो साझा किया है। वीडियो में एक युवक को बेरहमी से पीटते हुए पत्थर से कुचलकर मारने की कोशिश साफ दिखाई दे रही है, जबकि एक को अमानवीय तरीके से पीटा जा रहा है। हैरानी की बात यह है कि इस अमानवीय हमले के बाद पीड़ित जिंदा है भी या नहीं, किसी को नहीं पता। इसी के साथ न ही मामले में अब तक सख्त कार्रवाई होती दिख रही है। शिवसेना नेता अंबादास दानवे ने दावा किया है कि इस हिंसा में भाजपा मंत्री के करीबी व्यक्ति की लिप्तता है, जिससे सत्ता, पुलिस और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
अंबादास दानवे ने ‘एक्स’ पर लिखा है कि जब क्रूरता उजागर होती है तो कहीं मंत्रीपद जाता है, कहीं लोग जेल में सड़ते हैं। लेकिन मंत्री अतुल सावे का ‘खास आदमी’ कानून को भीख समझता है। उन्होंने सवाल उठाया कि पार्टी विद डिफरेंस की छत्रछाया में ऐसे लोगों को कब तक संरक्षण मिलता रहेगा? पत्थरों तले दबाया गया वह युवक आज कहां है, जिंदा भी है या नहीं, इसका कोई जवाब नहीं है। दानवे ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से अपील की है कि जिनके हाथ में कानून है, उन्हें अपराधियों की भक्ति छोड़कर पीड़ित को न्याय दिलाने की हिम्मत दिखानी चाहिए।
दामू अन्ना शिंदे पर गंभीर आरोप
एक न्यूज चैनल से बातचीत में दानवे ने दावा किया कि मारपीट करने वाला व्यक्ति दामू अन्ना शिंदे है, जो पूर्व नगरसेवक रह चुका है। उन्होंने आरोप लगाया कि मंत्री अतुल सावे दामू अन्ना शिंदे के अतिक्रमण बचाने तक में पूरी प्रतिष्ठा दांव पर लगा देते हैं। दानवे का कहना है कि सिर पर पत्थर से हमला करने के बावजूद न तो साधारण एफआईआर दर्ज हुई और न ही धारा ३०७ लगाई गई। अगर पीड़ित की मौत हुई हो तो धारा ३०२ लगनी चाहिए, लेकिन सत्ता के संरक्षण के कारण कोई कार्रवाई नहीं हुई।
वीडियो पुराना लेकिन सवाल नया
दानवे के अनुसार यह वीडियो छत्रपति संभाजीनगर का है और कुछ महीने पुराना है, जिसे अब सामने लाया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि जिस युवक की बेरहमी से पिटाई की गई, वह जिंदा है या नहीं, इसकी कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है।
