द्रुप्ति झा / मुंबई
करोड़ों मुंबईकरों की सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों की खुद की सुरक्षा रामभरोसे है, क्योंकि इनके घरों का यह हाल है कि आज गिरे या कल। खास बात यह है कि पुलिसकर्मी सिर्फ मुंबईकरों की ही नहीं, बल्कि नेताओं-मंत्रियों की सुरक्षा में भी तैनात रहते हैं। इसके बाद भी इन लोगों की सुध लेने वाला कोई नहीं है। जोगेश्वरी-पूर्व, इंदिरा नगर में स्थित पुलिस क्वॉर्टर्स की तस्वीरें ऐसी हैं, जहां पुलिसकर्मी अपने परिवार के साथ जान हथेली पर रखकर और मौत के साये में जी रहे हैं।
जिस क्षेत्र में पुलिस के परिवार वाले रह रहे हैं, वहां टोटल १७ पुलिस क्वॉर्टर्स हैं, जहां पर पुलिस के परिवार वाले अपने छोटे-छोटे बच्चों के साथ डर-डरकर हर दिन काट रहे हैं। घर के बाथरूम की स्थिति बेहद ही खराब है, घर की दीवारों और बालकनी में दरारें पड़ी हुई हैं। बिल्डिंग के फ्लोर पर बिजली के तारों को खुला छोड़ा गया है। सीलिंग से बारिश का पानी गिरता है, जिस वजह से कोई भी करंट की चपेट में आ सकता है। पुलिसकर्मियों के परिवार वाले डर के जीने को मजबूर हैं। उनकी मांग है कि सरकार उन्हें जर्जर अवस्था वाले क्वॉर्टरों से सुरक्षित मकान/क्वॉर्टरों में रखने का इंतजाम करे या उन्हीं क्वॉर्टर्स को रेनोवेट कराए।
