मुख्यपृष्ठनए समाचारमां की आत्मा का गांव में बसेरा...इसलिए बेटे ने वर्धमान से शव लाकर...

मां की आत्मा का गांव में बसेरा…इसलिए बेटे ने वर्धमान से शव लाकर गांव में किया अंतिम संस्कार

अनिल मिश्र / पटना

बिहार प्रदेश के गया जिला अंतर्गत टिकारी प्रखंड के मां तारा नगरी केसपा के ग्रामीण एवं भारतीय रेलवे में वर्धमान में कार्यरत श्रीनिवास शर्मा ने अपनी मां के प्रति श्रद्धा और मातृभूमि से जुड़ाव की मिसाल पेश की है। उनकी 87 वर्षीय माता का शुक्रवार की शाम वर्धमान स्थित आवास पर निधन हो गया। मां के निधन की सूचना उन्होंने मोबाइल के माध्यम से अपने संगे-संबंधियों एवं ग्रामीणों को दी। इस बीच परिजनों और ग्रामीणों ने उन्हें वर्धमान में ही अंतिम संस्कार करने की सलाह दी, लेकिन श्रीनिवास शर्मा ने कहा कि “मेरी मां की आत्मा गांव में बसती है।” इसके बाद वे शुक्रवार की रात ही अपनी दिवंगत मां के पार्थिव शरीर को लेकर वर्धमान से केसपा के लिए रवाना हो गए। आज शनिवार को केसपा स्थित श्मशान घाट पर उन्होंने अपनी मां का अंतिम संस्कार किया। उनकी अंतिम यात्रा में ग्रामीण हिमांशु शेखर, कामता शर्मा, दिनेश शर्मा, श्याम नंदन शर्मा, राम दुलार शर्मा, सुमन कुमार सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। इस बीच केसपा गांव के ग्रामीण हिमांशु शेखर ने कहा कि श्रीनिवास शर्मा ने अपनी मां के प्रति सम्मान और गांव के प्रति जुड़ाव का उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने कहा कि आज के दौर में जब कई युवा अपने माता-पिता और गांव के लिए समय नहीं निकाल पाते, ऐसे समय में श्रीनिवास शर्मा का यह कदम युवाओं के लिए एक प्रेरणादायक संदेश है।

अन्य समाचार

भरोसा

पर्वत