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आउट ऑफ पवेलियन : नाइट क्लबों के काले राज… हाल ही में बीबीसी पर एक

अमिताभ श्रीवास्तव

डॉक्यूमेंट्री आई जिसने दुबई के नाइट क्लबों के काले कारनामे खोल कर रख दिए हैं। उसकी एक रिपोर्टर ने गुप्त रूप से इन नाइट क्लबों में जाकर सच्चाई का पता लगाया और हैरान रह गई। यही नहीं, अब इस खुलासे से दुनिया भी चौंक गई है। दुबई के सबसे महंगे और प्रमुख क्लब भी लड़कियों के लिए नरक की तरह हैं। रिपोर्टर रुनाको सेलिना ने भयभीत होकर देखा कि वैâसे असुरक्षित युवतियां वीआईपी और मशहूर हस्तियों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर सेक्स के लिए खुद को पेश कर रही थीं। दरअसल, इन क्लबों में ‘पोर्टा पॉटी’ पार्टियां चलती हैं और यह इतनी अश्लील व वीभत्स होती हैं कि कई बार लड़कियों की मौत तक हो जाती है। रिपोर्टर ने रहस्यमय ‘आत्महत्याओं ‘ और घृणित सेक्स रिंगों की एक अंधेरी दुनिया में घुसपैठ की, जो कथित तौर पर ‘संगीतकारों, फुटबॉल खिलाड़ियों और नेताओं सहित शीर्ष ग्राहकों के लिए सारी व्यवस्था करती थी। बीबीसी की नई डॉक्यूमेंट्री, जिसका शीर्षक है दुबई में मौत, में रुनाको ने बताया है कि कैसे बेशर्म तस्करों ने इस आकर्षक शहर पर अपनी पकड़ बना ली है और वे युवा महिलाओं को उनकी इच्छा के विरुद्ध तब तक बंधक बनाए रखते हैं, जब तक कि वे सेक्स के लिए अपना शरीर बेचने को तैयार नहीं हो जातीं। यह शो शहर में ऊंची इमारतों से गिरकर हुई दो युवतियों की मौत का भी पता लगाता है। अब उनके परिवार आत्महत्या के आधिकारिक पैâसले पर सवाल उठा रहे हैं और जांच की गहनता पर गंभीर चिंता जता रहे हैं। पोर्टा पॉटी नाम पहली बार हास्य कलाकार डेव चैपल ने गढ़ा था, यह उन पुरुषों के लिए प्रयुक्त होता है, जिन्हें महिलाओं के साथ भ्रष्ट यौन कृत्य करने में आनंद आता है। फिल्म में, दुबई में तस्करी करने वाले गिरोह के एक कथित सरगना का पता लगाया गया है, जो ऐसी विकृत पार्टियों के लिए महिलाओं की व्यवस्था करता है।
और उसने काट खाया
खेलो में कभी कभी ऐसे भी क्षण आते हैं जो चौंका देते हैं। कोई खिलाड़ी उत्तेजनावश विरोधी खिलाड़ी को काट भी खाता है। चाहे फिर वो माइक टायसन हो जिसने होलीफील्ड का कान चबा दिया था या फिर फुटबाल का सुआरेज जिसने बीच मैच में विरोधी खिलाड़ी को काट खाया था। अब महिला रग्बी विश्व कप स्टार एक्सेल बर्थौमियू पर फ्रांस की आयरलैंड पर जीत के दौरान अपनी प्रतिद्वंद्वी को दांत से काटने के घटना सुर्खियों में है। उस पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। २५ वर्षीय बर्थौमियू ने एओइफ वेफर की बांह में काट लिया, जिसके कारण प्रâांस ने एक्सेटर में आयरलैंड को १८-१३ से हराकर प्रतियोगिता के सेमीफाइनल में प्रवेश किया। हालांकि, उसके पागलपन रवैये कारण उस पर फाउल प्ले समीक्षा समिति (एफपीआरसी) ने १२ मैचों का प्रतिबंध लगा दिया है। इस लंबी सजा का मतलब है कि, बर्थौमियू के खेलने पर १ मार्च २०२६ तक बैन रहेगा। हालांकि सजा और भी लंबी हो सकती थी, अगर एफपीआरसी ने इसे शुरुआती १८ मैचों से कम नहीं किया होता। ऐसा समझा जाता है कि बर्थौमियू इस निर्णय के विरुद्ध अपील करेंगी। यह कार्रवाई उस दिन तो नजरअंदाज कर दी गई थी मगर आयरलैंड की स्टार खिलाड़ी वेफर ने रेफरी को अपने हाथ पर काटे जाने के निशान दिखाए थे। टीवी पर देख रहे प्रशंसकों ने अपनी स्क्रीन पर इस घटना को स्पष्ट रूप से देखा था।
(लेखक वरिष्ठ खेल पत्रकार व टिप्पणीकार हैं।)

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