मुंबई। पवई में किताबों, कल्पना और पारिवारिक शिक्षा का अनोखा संगम देखने को मिला, जब ब्रेनोलॉजी ने ब्रुकफील्ड प्रॉपर्टीज के सहयोग से मुंबई का पहला बच्चों का साहित्य उत्सव ‘स्टोरीज बाय द लेक’ आयोजित किया। तीन दिवसीय यह आयोजन डाउनटाउन पवई स्थित प्रूडेंशियल पोडियम, लेवल–1 पर संपन्न हुआ, जिसमें बच्चों, अभिभावकों, शिक्षकों और साहित्य प्रेमियों ने बड़ी संख्या में भाग लिया।
उत्सव का उद्घाटन ब्रेनोलॉजी की संस्थापक व लेखिका शुभदा दयाल, सह-संस्थापक डॉ. शीतल कपूर और बुक्सबारिस्ता4यू के संस्थापक हर्षिल शाह ने किया। यह आयोजन कहानियों की दुनिया में बच्चों और परिवारों को एक साथ जोड़ने का सशक्त मंच बना, जहां सीख, जिज्ञासा और आनंद का उत्सव देखने को मिला।
कार्यक्रम दो समानांतर ट्रैकों में आयोजित किया गया। बच्चों के ट्रैक में पौराणिक कथाएं, प्रकृति आधारित कहानियां, मुंबई की विरासत, गणितीय कथाएं, पात्र निर्माण और इमर्सिव रीडिंग जैसे सत्र हुए। वहीं, अभिभावकों के ट्रैक में जिज्ञासु पाठकों का पोषण, घरेलू पुस्तकालय की अहमियत, डिजिटल संतुलन और रचनात्मक सोच विकसित करने जैसे विषयों पर चर्चा हुई।
बच्चों ने पूरे दिन पौराणिक रोमांच, प्रकृति-प्रेरित कथाएं, मुंबई से जुड़े रोचक तथ्य और चरित्र डिजाइन जैसी गतिविधियों में हिस्सा लिया। प्रसिद्ध पौराणिक जानकार और बेस्टसेलिंग लेखक देवदत्त पटनायक ने कहा कि कहानियां बच्चों को संस्कृति से जोड़ती हैं और परिवार की भूमिका इसमें बेहद अहम होती है।
अभिनेत्री और लेखिका सोनाली कुलकर्णी ने इस अवसर पर कहा कि इतने सारे युवा पाठकों और माता-पिता को एक साथ देखना प्रेरणादायक अनुभव रहा। उन्होंने कहा कि कहानियां जीवन को समझने का माध्यम होती हैं। वहीं, शुभदा दयाल ने कहा कि कहानियां परिवर्तनकारी शक्ति रखती हैं और बच्चों व अभिभावकों को एक साथ सीखते देखना इस उत्सव की सबसे बड़ी उपलब्धि रही।
