मनोज श्रीवास्तव | लखनऊ
बुलंदशहर के खुर्जा नगर कोतवाली क्षेत्र के ढाकर रोड पर गुरुवार सुबह पुलिस और स्वाट टीम की बदमाशों के साथ भीषण मुठभेड़ हुई। इस गोलीबारी में तिहरे हत्याकांड का मुख्य आरोपी और 50 हजार का इनामी बदमाश जीतू सैनी पुलिस की गोली लगने से मारा गया। पुलिस ने उसे घायल अवस्था में अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मुठभेड़ के दौरान दोनों ओर से कई राउंड फायरिंग हुई, जिसमें स्वाट टीम प्रभारी मोहम्मद असलम और हेड कांस्टेबल मोहित मलिक भी गोली लगने से घायल हो गए। इसके साथ ही एक अन्य आरोपी मयंक सैनी को भी पुलिस ने पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार कर लिया है।
यह पूरा मामला खुर्जा के एक जिम में आयोजित जन्मदिन पार्टी से शुरू हुआ था। मुख्य आरोपी जीतू सैनी अपना जन्मदिन मना रहा था, तभी मनीष नामक युवक से चेहरे पर केक लगाने को लेकर कहासुनी हो गई। विवाद बढ़ने पर गुस्साए जीतू ने अंधाधुंध फायरिंग कर दी, जिसमें मनीष, उसके चचेरे भाई अमरदीप और भतीजे आकाश की मौत हो गई थी।
इस मामले में पुलिस ने कुल 10 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। मारे गए तीनों युवकों के बारे में बताया जा रहा है कि वे भाजपा से जुड़े थे, जबकि आरोपी जीतू सैनी सपा का पूर्व नगर अध्यक्ष रह चुका है।
मुठभेड़ इतनी तेज थी कि बदमाशों की गोलियां सिपाही रामफल और कपिल की बुलेटप्रूफ जैकेट पर भी लगीं, जिससे उनकी जान बच गई। घायल पुलिस अधिकारियों को तत्काल हायर सेंटर रेफर किया गया है।
पुलिस ने जीतू सैनी के कब्जे से दो पिस्टल, एक तमंचा और भारी मात्रा में जिंदा व खोखा कारतूस बरामद किए हैं। वहीं दूसरा आरोपी मयंक सैनी पुलिस की गिरफ्त से भागने के प्रयास में और पुलिस पर फायरिंग करने के दौरान पैर में गोली लगने से घायल हो गया।
