सना खान
रिया और कबीर की वीडियो देखकर हर कोई यही कहता था- ‘क्या शानदार जोड़ी है!’ हर हफ्ते नया वैâफे, एक जैसे कपड़े, रोमांटिक गाने और वैâमरे के सामने मुस्कुराते चेहरे। लेकिन एक दिन वही ‘परफेक्ट जोड़ी’ एक वैâफे में सामने बैठी थी। दोनों साथ थे, मगर दोनों अपने-अपने मोबाइल में व्यस्त।
पांच मिनट में बस एक ही बात हुई- ‘वीडियो डाल दी क्या?’ आजकल कई रिश्तों में प्यार से ज्यादा दिखावा नजर आने लगा है। लोग एक-दूसरे को समझने से ज्यादा, दुनिया को अपना रिश्ता दिखाने में लगे हैं।
अब नाराजगी भी चुपचाप नहीं होती।
तस्वीरें हटते ही लोगों को समझ आ जाता है- ‘कुछ तो गड़बड़ है।’ कई जोड़े वैâमरे के सामने बेहद खुश दिखाई देते हैं, लेकिन हकीकत में उनके बीच बातचीत तक कम हो चुकी होती है।
आज रिश्तों में साथ बिताया समय कम और सही तस्वीर ज्यादा महत्वपूर्ण हो गई है। खाना ठंडा हो जाए तो चलेगा,
लेकिन कहानी देर से नहीं लगनी चाहिए। कई बार ऐसा लगता है कि लोग रिश्ता अपने लिए कम और लोगों को दिखाने के लिए ज्यादा निभा रहे हैं। सोशल मीडिया ने रिश्तों को चमक जरूर दी है, लेकिन कई रिश्तों से सच्चाई भी धीरे-धीरे छीन ली है।
और शायद इसी सच को कुछ पंक्तियां सबसे बेहतर कहती हैं-
सोशल मीडिया की दुनिया में हर रिश्ता खास नजर आता है,
चेहरों पर मुस्कान रहती है,
और दर्द अक्सर दिलों में रह जाता है।
