मेडिकल फर्स्ट ईयर की छात्रा को लेकर हुई बहस के बाद बनाई थी हमले की साजिश
राजेश सरकार / प्रयागराज
डॉक्टरी की पढ़ाई कर रही प्रथम वर्ष की एक छात्रा को लेकर हुई कहासुनी और विवाद के बाद साजिश के तहत स्वरूपरानी नेहरू अस्पताल (एसआरएन) के जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर अनुराग कुमार पर हमला किया गया था। हमला करने वाले तीन आरोपियों को पुलिस की तीन टीमों ने ताबड़तोड़ छापेमारी के बाद दबोच लिया। पुलिस ने दिव्यांश मिश्रा, शांतनु सिंह और शौर्य केसरवानी को गिरफ्तार किया है। शौर्य को पुलिस ने डॉक्टर पर हुए हमले का मुख्य आरोपी बताया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार शुरुआती पूछताछ में पता चला है कि तीनों आरोपी मेडिकल कॉलेज में पढ़ाई करने वाली फर्स्ट ईयर की एक छात्रा के परिचित थे। छात्रा को लेकर डॉक्टर अनुराग और आरोपियों के बीच विवाद हो गया था।
कहासुनी और झगड़े के बाद तीनों ने डॉक्टर को सबक सिखाने की योजना बनाई और हमला कर दिया। घटना से नाराज जूनियर डॉक्टरों ने मंगलवार रात से हड़ताल शुरू कर दी थी। नए मरीजों की भर्ती रोक दी गई थी, जिससे अस्पताल की स्थिति बिगड़ गई थी। लेकिन पुलिस ने जैसे ही गिरफ्तारी की पुष्टि की और कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया तो डॉक्टरों ने बुधवार देर रात हड़ताल खत्म कर दिया।हालात सामान्य हो गए और अस्पताल की ओपीडी सेवाएं फिर से शुरू कर दी गई। डीसीपी सिटी मनीष कुमार शांडिल्य ने मीडियाकर्मियों को बताया कि तीनों आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ हो रही है।
उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में कोई इस तरह की हरकत करने की हिम्मत न कर सके। डॉक्टर अनुराग पर रविवार शाम जॉर्ज टाउन थानाक्षेत्र में उनके अपार्टमेंट के बाहर हमला हुआ था। दर्जन भर युवकों ने डॉक्टर अनुराग को लात-घूंसों और डंडों
से मारा था। उन्होंने भाग कर जान बचाई थी। अपार्टमेंट की ओर भागते समय भी हमलावरों ने उनको दौड़ा-दौड़ाकर पीटा था। घायल डॉक्टर को अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना का वीडियो जब सोशल प्लेटफार्म पर मंगलवार देर शाम लीक हुआ तो डॉक्टरों का गुस्सा भड़क उठा और हड़ताल शुरू हो गई थी।
