-रातोंरात निविदाओं की आई बाढ़
-राजनीतिक दबाव में तुरंत दिए जा रहे हैं कार्यादेश
सुनील ओसवाल / ठाणे
ठाणे महानगरपालिका चुनाव की आचार संहिता लागू होने से पहले प्रशासन पर सत्ताधारी गुट के दबाव के चलते विकास कार्यों की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। प्रतिदिन पांच से आठ निविदाएं जारी की जा रही हैं और कई प्रस्तावों पर कार्यादेश भी तुरंत दिए जा रहे हैं। सूत्रों का कहना है कि यह तेजी राजनीतिक दबाव में हो रही है, जिससे सत्ताधारी गुट के प्रभागों में कार्य पहले ही मंजूर हो जाएं। पूर्व नगरसेवक और विभिन्न राजनीतिक दलों के टिकट पाने के इच्छुक कार्यकर्ता अपने प्रभागों में नागरिकों के सामने अपनी उपस्थिति दिखाने के लिए सक्रिय हैं।
करीब आठ वर्षों के बाद महानगरपालिका में जनप्रतिनिधियों की सत्ता लौटने की तैयारी के बीच, प्रभाग रचना और आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद यह जल्दबाजी शहर के विभिन्न हिस्सों में विशेष रूप से दिखाई दे रही है। विकास कार्यों में इस तेजी को लेकर विपक्ष और नागरिक संगठन सवाल उठा रहे हैं। उनका कहना है कि आचार संहिता लागू होने से पहले कामों को फाइनल करने की यह दौड़ निष्पक्ष नहीं लगती और इससे सत्ताधारी गुट का पक्ष मजबूत हो रहा है। सत्ताधारी गुट के वरिष्ठ नेताओं ने अधिकारियों के साथ बैठक कर निविदाओं और भूमिपूजन की प्रक्रिया को तेजी से पूरा करने के निर्देश दिए हैं। इस जल्दबाजी के कारण महानगरपालिका कार्यालय में विभिन्न राजनीतिक दलों के टिकट पाने के इच्छुक कार्यकर्ताओं की भीड़ लगातार बढ़ रही है, जबकि कुछ नागरिक और विपक्षी नेता इसे नीतिगत असमानता और दबावपूर्ण राजनीति करार दे रहे हैं।
