राजेश सरकार / प्रयागराज
धान का कटोरा कहे जाने वाले यमुनानगर के कोरांव क्षेत्र मंगलवार को उस समय गहरे सदमे में डूब गया, जब सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के सामने स्थित मत्स्य प्रक्षेत्र के एक तालाब से अज्ञात नवजात का शव बरामद हुआ। यह घटना न केवल लोगों में सनसनी का कारण बनी, बल्कि मानवता को झकझोर देने वाली त्रासदी के रूप में सामने आई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार तालाब में शव दिखाई देने पर स्थानीय लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी राकेश कुमार वर्मा ने पुलिस टीम के साथ शव को बाहर निकलवाया और विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। प्रारंभिक स्थिति में शव कई दिन पुराना प्रतीत हुआ, जिससे यह आशंका गहराती है कि नवजात को जन्म के बाद कहीं और से लाकर यहां फेंका गया होगा। इस अमानवीय घटना ने पूरे क्षेत्र को भीतर तक विचलित कर दिया है और लोगों के मन में पीड़ा, आक्रोश व अनेक सवाल छोड़ दिए हैं। फिलहाल, पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है। नवजात की पहचान और घटना के पीछे छिपे कारणों का पता लगाने के प्रयास जारी हैं। यह घटना समाज के उस कड़वे सच को उजागर करती है, जहां जीवन की शुरुआत ही असुरक्षित हो जाती है और संवेदनहीनता की यह तस्वीर हर किसी को सोचने पर मजबूर कर देती है।
