मुख्यपृष्ठनए समाचार‘महिलाएं भेजकर मुझे फंसाते हैं’...भाजपा विधायक का नया ‘षड्यंत्र सिद्धांत’

‘महिलाएं भेजकर मुझे फंसाते हैं’…भाजपा विधायक का नया ‘षड्यंत्र सिद्धांत’

 -प्रीतम लोधी बोले- विरोधी महिलाओं को पास भेजते हैं; सवाल, विधायक हैं या हर तरफ साजिश देखने वाले ‘महानायक’?

मध्य प्रदेश में भाजपा नेताओं के विवादित बयानों की फेहरिस्त अभी थमी भी नहीं थी कि पिछोर विधायक प्रीतम लोधी ने नया सियासी मसाला परोस दिया। शिवपुरी के खनियांधाना में आयोजित सभा का एक वीडियो वायरल है, जिसमें लोधी दावा करते नजर आ रहे हैं कि उनके विरोधी महिलाओं को उनके पास भेजते हैं ताकि उन्हें फंसाया जा सके। खबरों के मुताबिक, उन्होंने यहां तक कहा कि कोशिश उन्हें बलात्कार के मुकदमे में फंसाने की होती है। हालांकि, वीडियो की पुष्टि अभी नहीं हुई है।
अब राजनीति में विरोधियों पर साजिश का आरोप नया नहीं है। कभी सरकार गिराने की साजिश, कभी चुनाव हराने की साजिश, कभी छवि खराब करने की साजिश। लेकिन यहां तो कथा सीधे महिलाओं तक पहुंच गई। मतलब विधायक जी के मुताबिक, विरोधियों के पास शायद कोई बाकायदा ‘फंसाओ प्रकोष्ठ’ चल रहा है- जहां राजनीतिक रणनीति नहीं, महिलाओं को भेजने की योजना बनती है! वायरल वीडियो २० अगस्त को लोकमाता देवी अहिल्याबाई होलकर की प्रतिमा क्षतिग्रस्त किए जाने के विरोध में हुई सभा का बताया जा रहा है। उसी मंच से विधायक ने अपने साथ ऐसी कोशिशें होने का दावा किया।
सवाल यह है कि सार्वजनिक जीवन में बैठे किसी जिम्मेदार जनप्रतिनिधि को महिलाओं का जिक्र इस अंदाज में करना कितना शोभा देता है? यदि किसी ने वास्तव में उन्हें फंसाने की कोशिश की है तो पुलिस है, कानून है, प्रमाण हैं- कार्रवाई कराइए। लेकिन मंच से ऐसा बयान देना महिलाओं को ही राजनीतिक हथियार की तरह पेश करने का जोखिम पैदा करता है।
बयान से चर्चा में घिरे प्रीतम
प्रीतम लोधी पहले भी अपने तीखे बयानों के कारण चर्चा में रहे हैं। कुछ दिन पहले उनका ‘९९ गालियां सुनो, १००वीं पर जवाब दो’ वाला बयान भी वायरल हुआ था। मध्य प्रदेश की राजनीति शायद अब विकास, रोजगार और महंगाई से आगे निकल चुकी है। यहां नया विमर्श है- कौन किसे पटाने भेज रहा है और कौन किससे फंस रहा है!

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