-जिसे फडणवीस मारेंगे नहीं, सुधारेंगे!
-नागपुर के बयान से मची राजनीतिक हलचल
सामना संवाददाता / मुंबई
महाराष्ट्र की महायुति सरकार में पिछले कुछ दिनों से मुख्यमंत्री पद को लेकर अंदरूनी खींचतान की चर्चाओं के बीच मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के एक बयान ने राजनीतिक गलियारों में नई बहस छेड़ दी है। नागपुर में नौ रेलवे फ्लाईओवर, अंडरपास और रेल अंडरब्रिज के लोकार्पण समारोह के दौरान फडणवीस ने मंच से कहा, ‘हम मुर्गा नहीं मारते, हम तो सिर्फ सुधारते हैं। मुर्गा मारनेवाले लोग अलग हैं।’ उनके इस बयान के बाद यह चर्चा तेज हो गई है कि मुख्यमंत्री का इशारा आखिर किस ओर था और उन्होंने ‘मुर्गा’ किसे कहा। कार्यक्रम में केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद थे। अपने संबोधन में गडकरी ने पूर्व नागपुर के विधायक कृष्णा खोपड़े की तारीफ करते हुए कहा कि उन्हें विकास कार्यों के लिए ‘कहां मुर्गा मारना है’, यह अच्छी तरह पता है। गडकरी की इसी टिप्पणी के बाद जब मुख्यमंत्री फडणवीस बोलने के लिए खड़े हुए तो उन्होंने राज्य में रेलवे फाटकों पर बननेवाले १४५ फ्लाईओवरों की योजना का जिक्र किया और मुस्कुराते हुए कहा, ‘हम मुर्गा नहीं मारते, हम तो उन्हें सुधारते हैं। मुर्गा मारनेवाले लोग अलग हैं।’ मुख्यमंत्री की इस टिप्पणी के बाद समारोह में मौजूद लोगों के बीच ठहाके गूंज उठे।
नई अटकलों को मिला बल
महायुति सरकार के भीतर पहले से चल रही खींचतान की चर्चाओं के बीच अब यह सवाल उठने लगा है कि आखिर मुख्यमंत्री का यह तंज किस नेता की ओर था। कार्यक्रम के बाद सबसे अधिक चर्चा फडणवीस की इसी टिप्पणी को लेकर रही, जिसमें उन्होंने ‘मुर्गा मारनेवालों’ का जिक्र किया। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान आने वाले दिनों में महायुति की अंदरूनी राजनीति को लेकर नई अटकलों को हवा दे सकता है।
