-अन्नदाताओं की बर्बादी के बीच भजन कार्यक्रम में नाचते विधायक
सामना संवाददाता / मुंबई
महाराष्ट्र में सूखे और पानी की भीषण किल्लत से किसान बेहाल हैं। खेतों में खड़ी फसलें सूख रही हैं, पशुओं के लिए चारे का संकट गहरा रहा है और कर्ज के बोझ तले दबे किसान सरकारी राहत की राह देख रहे हैं। ऐसे संकटपूर्ण माहौल में जालना के भाजपा नेता और पूर्व विधायक कैलाश गोरंट्याल पर भजन कार्यक्रम के दौरान नोट उड़ाए जाने की घटना ने राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। कार्यक्रम का वीडियो प्रसारित होने के बाद भाजपा नेता विपक्ष के निशाने पर आ गए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जालना शहर के मंमादेवी मंदिर परिसर में बीती रात आयोजित भजन कार्यक्रम में कैलाश गोरंट्याल शामिल हुए थे। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं के आग्रह पर वह नाचने लगे। इसी बीच कुछ लोगों ने उन पर ५०० और २०० रुपए के नोट उड़ाए। वीडियो में गोरंट्याल को नाचते हुए देखा जा सकता है। इस घटना को लेकर अब सूखाग्रस्त क्षेत्र में सार्वजनिक रूप से पैसे उड़ाने की जरूरत और औचित्य पर सवाल उठ रहे हैं।
भाजपा के सहयोगी शिंदे गुट के नेता और राज्य सरकार में मंत्री संजय शिरसाट ने भी इस घटना पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने किसानों की बदहाली, बढ़ते कर्ज और पानी तथा चारे की कमी के बीच ऐसे आयोजन की प्रासंगिकता पर सवाल खड़े किए।
नेताओं के कार्यक्रमों में पैसों की बारिश!
महाराष्ट्र में सूखे की गंभीर स्थिति के बीच यह मामला सामने आया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य की ३५८ तहसीलों में से ३०५ तहसीलों में सूखा घोषित किया गया है। बारिश की कमी से किसानों की फसलें बर्बाद हो रही हैं। कई किसानों को मजबूरन खेतों में खड़ी फसलों पर रोटावेटर चलाना पड़ रहा है। ऐसे में नोट उड़ाने की घटना ने किसानों की पीड़ा और नेताओं के सार्वजनिक आचरण को लेकर बहस छेड़ दी है।
