सामना संवाददाता / मुंबई
ठाणे में घंटों लगनेवाले ट्रैफिक जाम, अवैध निर्माण, क्लस्टर योजना में अराजकता, मनपा अधिकारियों में भारी पैमाने पर व्याप्त भ्रष्टाचार आदि मुद्दों को लेकर शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) पक्ष और मनसे की ओर कल यानी सोमवार १३ अक्टूबर को मनपा पर विशाल मोर्चा निकाला जाएगा। गडकरी रंगायतन से शाम ४ बजे शुरू होनेवाले इस मोर्चे में हजारों ठाणेवासी शामिल होंगे।
गौरतलब हो कि ठाणे मनपा में अधिकारियों का भ्रष्टाचार चरम पर पहुंच गया है। आम ठाणेकर कमीशनखोरी की राजनीति से तंग आ चुका है। शिवसेना और मनसे ने ठाणेकरों के साथ हो रहे अन्याय को उजागर करने के लिए एकजुट हुए हैं। इस मोर्चे की जानकारी देने के लिए ठाणे के टिप टॉप प्लाजा में दोनों दलों द्वारा एक संयुक्त प्रेस कॉन्प्रâेंस आयोजित की गई थी। इस अवसर पर शिवसेना नेता व पूर्व सांसद राजन विचारे और मनसे नेता अविनाश जाधव ने सोमवार को होनेवाले मोर्चा के बारे में जानकारी दी। इस अवसर पर दोनों दलों के नेताओं ने ठाणे की गंदी राजनीति से तंग आ चुके हर ठाणेवासी से इस मोर्चें में शामिल होने का आह्वान किया। इस अवसर पर मनसे के पूर्व विधायक राजू पाटील, अभिजीत पानसे, शिवसेना जिलाप्रमुख केदार दिघे, महिला संयोजक रेखा खोपकर, शहर प्रमुख अनीश गाढ़वे आदि उपस्थित थे।
मनपा का नाम बदलकर शिंदे शाखा करो
ठाणेवासियों ने पिछले तीन वर्षों में ठाणे की दुर्दशा देखी है। २०१७ के बाद से मनपा के चुनाव नहीं हुए हैं इसलिए प्रशासन पर किसी का अंकुश नहीं रह गया है। अधिकारी मनमाना करोबार चला रहे हैं, ऐसा आरोप शिवसेना नेता राजन विचारे ने लगाया। उन्होंने आगे कहा कि वर्तमान में, ठाणे मनपा के पास सीवर कवर बदलने के लिए पैसे नहीं हैं। सरकारी निधि लानी पड़ रही है, लेकिन इस निधि का कहीं कोई हिसाब नहीं है। मनपा अधिकारी २५ लाख रुपए रिश्वत लेते हुए पकड़े जा रहे हैं। मनपा में जिस प्रकार से भ्रष्टाचार किया जा रहा है। उसको देखते हुए ठाणे मनपा का नाम बदलकर शिंदे शाखा कर देना चाहिए।
