-फौजियों के परिवारों ने जताई परेशानी…फूड सप्लाई बाधित होने की आशंका
एजेंसी / वॉशिंगटन
मध्य-पूर्व में तैनात अमेरिकी सैनिकों को मिलने वाले भोजन को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। हाल ही में सोशल मीडिया पर वायरल हुई कुछ तस्वीरों में अमेरिकी सैनिकों के खाने की प्लेट्स लगभग खाली दिखाई दीं, जिससे यह आशंका जताई जा रही है कि उन्हें पर्याप्त खाना नहीं मिल रहा। ऐसे में कहा जा रहा है कि अमेरिकी सैनिक भूखे पेट ईरान से युद्ध लड़ रहे हैं।
वायरल तस्वीरों में एक ट्रे में बेहद कम मात्रा में सूखा मांस और एक टॉर्टिला दिखाई देता है, जबकि दूसरी तस्वीर में उबली हुई गाजर, थोड़ा सा मांस और प्रोसेस्ड फूड का सीमित हिस्सा नजर आता है।
स्वास्थ्य और मनोबल पर असर
ताजा भोजन उपलब्ध नहीं होने से ज्यादातर सैनिकों को सीमित और साधारण खाना ही मिल रहा है। इससे उनके स्वास्थ्य और मनोबल पर असर पड़ने की आशंका जताई जा रही है। इस स्थिति के पीछे सप्लाई चेन में आ रही दिक्कतों को प्रमुख कारण माना जा रहा है।
आपस में बांट रहे खाना
इन तस्वीरों ने लोगों के बीच चिंता पैदा कर दी है और अमेरिकी सेना की सप्लाई व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। सैनिकों के परिवारों ने भी इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि कई सैनिकों को खाना आपस में बांटना पड़ रहा है और कई बार उन्हें सीमित भोजन में ही गुजारा करना पड़ता है। कुछ परिवारों के मुताबिक, सैनिकों को खाना बचाकर रखना पड़ता है, ताकि बाद में भी काम आ सके।
आपस में बांट रहे खाना
इन तस्वीरों ने लोगों के बीच चिंता पैदा कर दी है और अमेरिकी सेना की सप्लाई व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं। सैनिकों के परिवारों ने भी इस मुद्दे पर चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि कई सैनिकों को खाना आपस में बांटना पड़ रहा है और कई बार उन्हें सीमित भोजन में ही गुजारा करना पड़ता है। कुछ परिवारों के मुताबिक, सैनिकों को खाना बचाकर रखना पड़ता है, ताकि बाद में भी काम आ सके।
अमेरिकी सैनिकों को नहीं मिल रहे हैं ‘केयर पैकेज’!
मध्य-पूर्व में जारी तनाव के बीच खबर है कि अमेरिकी सैनिकों को ताजा और भरपेट खाना नहीं मिल रहा है। सुरक्षा कारणों से एयरस्पेस पर लगे प्रतिबंधों के चलते जरूरी सामान और खाद्य सामग्री की आपूर्ति प्रभावित होने से ऐसा हो रहा है। इसके अलावा, परिवारों द्वारा भेजे गए ‘केयर पैकेज’ भी समय पर सैनिकों तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। हालांकि, इस पूरे मामले पर अलग-अलग राय सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे गंभीर स्थिति मान रहे हैं और तत्काल सुधार की मांग कर रहे हैं, जबकि कुछ पूर्व सैनिकों और विशेषज्ञों का कहना है कि तैनाती के दौरान ऐसी परिस्थितियां सामान्य हो सकती हैं और वायरल तस्वीरें पूरी स्थिति को नहीं दर्शातीं। विशेषज्ञों के अनुसार, सेना आमतौर पर अपने सैनिकों को आवश्यक पोषण उपलब्ध कराने का प्रयास करती है, लेकिन कठिन और संवेदनशील क्षेत्रों में तैनाती के दौरान भोजन की गुणवत्ता और मात्रा पर असर पड़ सकता है।
